Bilaspur Train Accident: पैसेंजर ट्रेन और मालगाड़ी में आमने-सामने टक्कर, कई डिब्बे पटरी से उतरे | Howrah Route Accident Breaking News
Bilaspur Train Accident Breaking News :
बिलासपुर से इस वक्त की सबसे बड़ी और दर्दनाक खबर सामने आई है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के हावड़ा रूट पर एक पैसेंजर ट्रेन और मालगाड़ी के बीच आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि पैसेंजर ट्रेन के कई डिब्बे पटरी से नीचे उतरकर एक-दूसरे पर चढ़ गए। हादसे के बाद आसपास के इलाके में अफरातफरी का माहौल बन गया। लोगों के चीखने-चिल्लाने की आवाजें, टूटे डिब्बों और स्टील के दरवाजों के बीच फंसे यात्री — हर तरफ दर्दनाक दृश्य दिखाई दिया।
कैसे हुआ हादसा? (प्रारंभिक जानकारी)
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह पैसेंजर ट्रेन कोरबा रूट से होकर बिलासपुर की तरफ आ रही थी, जबकि मालगाड़ी हावड़ा की ओर जा रही थी। आशंका जताई जा रही है कि दोनों ट्रेनें एक ही ट्रैक पर मौजूद थीं, जिसकी वजह से आमने-सामने की सीधी भिड़ंत हो गई।
हालांकि, हादसे की असली वजह क्या थी — इसकी जांच रेलवे विभाग द्वारा जारी है।
रेस्क्यू ऑपरेशन तेज़ी से जारी
जैसे ही हादसे की सूचना मिली —
- रेलवे रेस्क्यू टीम
- जिला प्रशासन
- एंबुलेंस
- स्थानीय ग्रामीण
मौके पर पहुंच गए।
ट्रेन के टूटे हुए डिब्बों में फंसे यात्रियों को लोहे के कटर और हाइड्रोलिक मशीनों की मदद से बाहर निकाला जा रहा है। कई यात्री घायल अवस्था में पास के अस्पतालों में भर्ती कराए गए हैं।
आसपास के अस्पतालों को अलर्ट कर दिया गया है।
डॉक्टरों की टीम लगातार इलाज में जुटी हुई है।
सीनियर DCM अनुराग कुमार का बयान
घटना के तुरंत बाद मीडिया ने रेलवे के सीनियर डीसीएम अनुराग कुमार से सवाल पूछे। उन्होंने कहा:
“हम फिलहाल रेस्क्यू और रिलीफ वर्क में लगे हुए हैं।
हेल्पलाइन नंबर 1072 जारी कर दिया गया है।
जिन यात्रियों के परिजन संपर्क में नहीं हैं,
वे 1072 पर कॉल कर जानकारी दर्ज कराएं।
अभी स्थिति का पूरा विवरण नहीं दिया जा सकता।”
उन्होंने दोबारा अपील की:
“पहली प्राथमिकता — यात्रियों की सुरक्षा है।
सूचना का संकलन चल रहा है।
कृपया परिजन 1072 पर संपर्क करें।”
पत्रकारों के सवालों पर विवाद
जब मीडिया ने उनसे पूछा कि कितने लोग घायल हुए, कितने लोग फंसे हैं,
तो अधिकारी पूरी जानकारी देने से बचते दिखे।
कुछ पत्रकारों को यह व्यवहार लापरवाही और असंवेदनशीलता लगा,
जिसके चलते विवाद की स्थिति बन गई और इस पर सोशल मीडिया में भी चर्चा शुरू हो गई।
हालांकि ध्यान देने वाली बात है कि
अभी तक कोई आधिकारिक, पुष्टि की गई संख्या सार्वजनिक नहीं की गई है,
क्योंकि प्रशासन बचाव कार्य को प्राथमिकता दे रहा है।
घटनास्थल पर भयावह दृश्य
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया:
- टक्कर इतनी तेज़ थी कि कोच एक-दूसरे के ऊपर चढ़ गए।
- कई यात्री बोगियों के अंदर फंसे रहे।
- स्थानीय लोग, बिना देरी किए, खिड़कियाँ और दरवाजे तोड़कर लोगों को बाहर निकालने लगे।
- कई लोग घबराहट और सदमे की स्थिति में हैं।
रेलवे हेल्पलाइन नंबर
जिनके परिजन या जानने वाले इस ट्रेन में सफर कर रहे थे,
वे तुरंत नीचे दिए नंबर पर संपर्क करें:
| सेवा | नंबर |
|---|---|
| रेलवे डिजास्टर हेल्पलाइन | 1072 |
| रेलवे हेल्पलाइन | 139 |
| आपातकालीन सेवा | 112 |
लोकल ट्रेनों की आवाजाही अस्थायी रूप से प्रभावित
हादसे के बाद इस रूट पर सभी ट्रेनों की आवाजाही को अस्थायी रूप से रोका गया है।
रेलवे ट्रैक को साफ करने और डिब्बों को हटाने का काम जारी है।
संभावित कारण (जांच जारी)
| संभावित कारण | स्थिति |
|---|---|
| सिग्नल की तकनीकी गड़बड़ी | जांच जारी |
| एक ही ट्रैक पर दो ट्रेनों का आ जाना | आशंका |
| मानवीय लापरवाही | नकारा नहीं जा सकता |
| कम्युनिकेशन में गलती | जांच का विषय |
FAQ (सामान्य प्रश्न)
Q1. हादसा कहाँ हुआ है?
हावड़ा रूट पर, बिलासपुर ज़ोन में।
Q2. कौन सी ट्रेनें टकराईं?
एक लोकल पैसेंजर ट्रेन और मालगाड़ी।
Q3. क्या मृतकों या घायलों की संख्या जारी हुई है?
अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
Q4. परिजन कैसे जानकारी लें?
हेल्पलाइन नंबर 1072 पर कॉल करें।
Q5. क्या रेलवे ने जांच शुरू कर दी है?
हाँ, उच्च स्तरीय जांच शुरू कर दी गई है।
